गिरिडीह में एक मासूम की मौत के बाद माले नेता राजेश सिन्हा ने नगर निगम पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि “नगर निगम नरक निगम बन गया है” और वे जल्द ही FIR दर्ज कराएंगे। माले नेता ने इस घटना को नगर निगम की लापरवाही का नतीजा बताया और इसके लिए अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने पीड़ित परिवार के लिए ठोस उपायों की मांग करते हुए कहा कि परिवार को आजीवन जीविका, बच्चों की पढ़ाई का खर्च और उचित मुआवजा मिलना चाहिए।
माले नेता की मांगें
- नगर निगम में स्थायी रेस्क्यू टीम: माले नेता राजेश सिन्हा ने मांग की है कि नगर निगम के पास स्थायी रेस्क्यू टीम होनी चाहिए, ताकि किसी भी आपदा में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
- अधिकारियों पर कार्रवाई: उन्होंने नगर निगम के अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है, जिन्होंने लापरवाही बरती है।
- पीड़ित परिवार को न्याय: माले नेता ने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है और कहा है कि वे इस मुद्दे पर संवेदनशीलता दिखाने के लिए नगर विकास मंत्री से अपील करेंगे।
नगर निगम की लापरवाही
माले नेता राजेश सिन्हा ने आरोप लगाया है कि नगर निगम की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ है। उन्होंने कहा कि अगर समय पर नालों को ढक दिया गया होता, तो शायद मासूम की जान बच सकती थी। माले नेता ने यह भी आरोप लगाया है कि नगर निगम के पास स्थायी रेस्क्यू टीम नहीं है, जिससे आपदा की स्थिति में तुरंत कार्रवाई नहीं की जा सकती है |
( पीआईएल और पब्लिक पिटिशन के साथ कोर्ट से भी नोटिस दिया जायेगा )
